विहँग नीड़
तुम्हारी खोज से क्लान्त हो आश्रय लिया जहाँ....... वो है विहँग नीड़
शनिवार, 3 मार्च 2018
नेमत
बरसों के तप की क्या खूब नेमत पाई
बस मिले और फिर आज़माने लगे।।
मौली
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